26 सितंबर 2026 , देहरादून
महिला को कार में बैठाने के प्रयास का खुलासा, एक युवती गिरफ्तार
महिला को कार में बैठाने के प्रयास का खुलासा, एक युवती गिरफ्तार

लेन-देन के विवाद में महिला को डराने पहुंचे थे आरोपी, चार अन्य की तलाश में दबिश
देहरादून। रायपुर क्षेत्र में महिला को जबरन कार में बैठाने के प्रयास के मामले का पुलिस ने खुलासा करने का दावा किया है। पुलिस ने मामले में शामिल एक युवती को गिरफ्तार किया है। पूछताछ में चार अन्य आरोपियों के नाम सामने आए हैं। उनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमें लगातार दबिश दे रही हैं।
पुलिस के अनुसार, 23 सितंबर को सुषमा वर्मा पत्नी राहुल वर्मा, निवासी कानन कुंज, सहस्रधारा रोड ने थाना रायपुर में तहरीर दी थी। उन्होंने बताया था कि सुबह करीब 6:50 बजे नाला पानी चौक के पास कुछ लोगों ने उन्हें जबरन कार में बैठाने का प्रयास किया। तहरीर के आधार पर रायपुर थाने में संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया।
घटना की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून के निर्देश पर थाना रायपुर और एसओजी देहात की संयुक्त टीम गठित की गई। टीम ने घटनास्थल और आसपास के रास्तों पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। इसके साथ ही वादिनी और अन्य संदिग्धों से पूछताछ कर घटना में शामिल लोगों और वाहन की जानकारी जुटाई गई।
सहस्रधारा रोड से युवती गिरफ्तार
पुलिस के मुताबिक, 26 सितंबर को टीम ने घटना में शामिल बताई जा रही चाहत उर्फ अन्नू पुत्री विनोद कुमार, निवासी गोविंद विहार डांडा लखौंड, रायपुर, उम्र 19 वर्ष, को सहस्रधारा रोड से गिरफ्तार किया। पुलिस का कहना है कि पूछताछ में उसने घटना में चार अन्य लोगों के शामिल होने की जानकारी दी। इनमें दीपक पुत्र दिलीप कुमार, सुशांत उर्फ लक्की, आदित्य वशिष्ठ और प्रियांशु के नाम सामने आए हैं। पुलिस उनकी गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है।
डेयरी के सौदे को लेकर हुआ था विवाद
पुलिस के अनुसार, पूछताछ में अन्नू ने बताया कि वह दीपक पासवान को करीब दो साल से जानती है। दोनों व्यवसाय शुरू करना चाहते थे। इसी सिलसिले में वे सुषमा वर्मा के संपर्क में आए थे। आरोप है कि अठूरवाला-भानियावाला स्थित 11 गायों वाली डेयरी को संचालित करने का सौदा 7.50 लाख रुपये में हुआ था। इसके एवज में पांच लाख रुपये नकद और 2.50 लाख रुपये का चेक दिया गया था। पुलिस के मुताबिक, आरोपियों को बताया गया था कि गायें प्रतिदिन करीब 150 लीटर दूध देती हैं और समझौते के अनुसार दूध पुष्पा नेगी को बेचा जाना था, जिनकी जमीन पर डेयरी संचालित हो रही थी। बाद में दूध की मात्रा कम निकलने पर आरोपियों ने सुषमा से अपने पांच लाख रुपये वापस मांगे। आरोप है कि उन्हें काम जारी रखने और रकम को बाद में समायोजित करने का आश्वासन दिया गया। पुलिस के अनुसार, अन्नू की तबीयत खराब होने के बाद उसे ग्राफिक एरा अस्पताल में भर्ती कराया गया। पैसों की जरूरत पड़ने पर आरोपियों ने पुष्पा नेगी से दूध की बिक्री से बची रकम मांगी। आरोप है कि पुष्पा ने रकम सुषमा को देने की बात कही। सुषमा से संपर्क करने पर कथित तौर पर केवल 10 हजार रुपये दिए गए और बाकी रकम देने से इनकार कर दिया गया।
कार किराये पर लेकर बनाई योजना
पुलिस के मुताबिक, रकम वापस नहीं मिलने से परेशान आरोपियों ने सुषमा को डराने की योजना बनाई। इसके लिए कारगी चौक के पास से काले रंग की स्विफ्ट कार किराये पर ली गई। कार किराये पर लेने के दौरान अन्नू ने गारंटी के तौर पर अपनी स्कूटी रखी थी। पुलिस के अनुसार, घटना से पहले आरोपी अपने साथियों से मिलने रोशनाबाद, हरिद्वार गए थे। इसके बाद आदित्य, लक्की और प्रियांशु के साथ देहरादून लौटे। 23 सितंबर की सुबह दीपक, आदित्य और लक्की स्विफ्ट कार से सुषमा को डराने के लिए सहस्रधारा पहुंचे। आरोप है कि सुषमा के शोर मचाने और आसपास के लोगों के पहुंचने पर पकड़े जाने के डर से आरोपी मौके से फरार हो गए।
ये आरोपी हैं फरार
दीपक पुत्र दिलीप कुमार निवासी विष्णु लोक कॉलोनी, ज्वालापुर, थाना सिडकुल, हरिद्वार।सुशांत उर्फ लक्की पुत्र अनिल कुमार निवासी ग्राम डोब, तहसील देवप्रयाग, थाना हिंडोलाखाल, टिहरी गढ़वाल।
आदित्य वशिष्ठ पुत्र अमित शर्मा निवासी औरंगाबाद, थाना सिडकुल, हरिद्वार। प्रियांशु पुत्र सुखपाल निवासी नगला अहमद, थाना मंगलौर, हरिद्वार। पुलिस का कहना है कि फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए टीमें लगातार दबिश दे रही हैं। #DoonPolice #dehradun #dehradunnews #newsfeed #newstoday #dehraduncity



